
श्री महामारियम्मन मन्दिर (कुआलालंपुर)
163, Jalan Tun H. S. Lee, Kuala Lumpur, 50000, Malaysia
इतिहास और ऐतिहासिक विरासत
श्री महामारियम्मन मंदिर कुआलालंपुर, मलेशिया का सबसे पुराना हिंदू मंदिर है, जिसकी स्थापना 1873 में के. थंबूस्वामी पिल्लई द्वारा की गई थी। प्रारंभ में यह एक निजी पारिवारिक मंदिर था, जिसे 1927 में जनता के लिए खोल दिया गया। 1972 में बने इसके 22.9 मीटर ऊंचे दक्षिण भारतीय शैली के गोपुरम पर तमिलनाडु के शिल्पकारों द्वारा नक्काशी की गई 228 हिंदू देवी-देवताओं की मूर्तियाँ सुशोभित हैं। थाईपुसम उत्सव के दौरान बाटू गुफाओं की ओर जाने वाली प्रसिद्ध स्वर्ण/रजत रथ यात्रा इसी मंदिर से शुरू होती है।
तीर्थयात्रियों द्वारा दी गई ताज़ा जानकारी
काव्य कथा (स्थल पुराण)
"देवी मारियम्मन को विदेशी भूमि पर रहने वाले तमिल प्रवासियों की रक्षक माना जाता है, जो उन्हें बीमारियों और कठिनाइयों से बचाती हैं। ब्रिटिश मलाया के रबर बागानों और खदानों में काम करने आए शुरुआती दक्षिण भारतीय मजदूरों के लिए यह मंदिर आध्यात्मिक संबल और शरण स्थली था।"
अनुशंसित इतिहास और वृत्तचित्र वीडियो
विस्तृत मार्गदर्शिका और परिवहन रसद
निकटतम हवाई अड्डा
Kuala Lumpur International Airport (KUL) - 60 km or Sultan Abdul Aziz Shah Airport (SZB) - 25 km
स्थानीय बस मार्ग
उपलब्ध बस संख्या: GoKL Free Bus (Purple Line) and regular RapidKL buses stop at Jalan Tun H. S. Lee
रेलवे स्टेशन और संपर्क ट्रेनें
- Pasar Seni LRT/MRT Station - Located just 200 meters from the temple. Easy walking access through Kuala Lumpur Chinatown.